विद्युतचुंबकीय प्रवाह मीटरों के कार्य सिद्धांत को समझना
एक विद्युतचुंबकीय प्रवाह मीटर (मैग मीटर) एक ऐसा उपकरण है जिसका उपयोग पानी, अपशिष्ट जल, रसायन और घोल जैसे प्रवाहकीय तरल पदार्थों की प्रवाह दर को मापने के लिए किया जाता है।
काम के सिद्धांत
विद्युतचुंबकीय प्रवाह मीटर फैराडे के विद्युतचुंबकीय प्रेरण के नियम के आधार पर कार्य करता है। जब कोई चालक द्रव सेंसर के अंदर चुंबकीय क्षेत्र से होकर गुजरता है, तो यह एक वोल्टेज उत्पन्न करता है। यह वोल्टेज प्रवाह वेग के सीधे समानुपाती होता है।
इसके बाद मीटर इस वोल्टेज को प्रवाह दर सिग्नल में परिवर्तित करता है।
ज़रूरी भाग
* मापने वाली नली (इंसुलेटिंग सामग्री से ढकी हुई)
* चुंबकीय कुंडलियाँ
* इलेक्ट्रोड
* कनवर्टर / ट्रांसमीटर
लाभ
* कोई गतिशील पुर्जा नहीं → कम रखरखाव
* उच्च सटीकता (आमतौर पर ±0.5% या उससे बेहतर)
* गंदे, संक्षारक या गाढ़े तरल पदार्थों के लिए उपयुक्त
* दबाव में कोई कमी नहीं
सामान्य अनुप्रयोग
* जल आपूर्ति प्रणालियाँ
* व्यर्थ पानी का उपचार
* रसायन उद्योग
* खनन और स्लरी पाइपलाइन
पोस्ट करने का समय: 30 जून 2026